कांग्रेस सरकार की नीतियों से हर वर्ग परेशान : जयराम ठाकुर
सेब बेचने वाले बागवानों को नोटिस देने पर नेता प्रतिपक्ष ने सुक्खू सरकार को घेरा।
शिमला, 9 अगस्त। पूर्व मुख्यमंत्री एवं नेता प्रतिपक्ष जयराम ठाकुर ने कांग्रेस सरकार पर स्वास्थ्य, शिक्षा और बागवानी समेत हर क्षेत्र में विफल रहने का आरोप लगाया है। शिमला से जारी बयान में उन्होंने कहा कि सरकार के गलत, अव्यवहारिक और मनमाने फैसलों से प्रदेश का हर वर्ग प्रभावित हो रहा है।
जयराम ठाकुर ने स्वास्थ्य व्यवस्था पर सवाल उठाते हुए कहा कि मरीजों को आयुष्मान भारत और हिमकेयर जैसी योजनाओं का लाभ नहीं मिल रहा है। सरकारी अस्पतालों में आवश्यक दवाइयों और प्रोस्टेट कैंसर जैसे गंभीर रोगों के उपचार में इस्तेमाल होने वाले टीकों की आपूर्ति प्रभावित है। उन्होंने आरोप लगाया कि सिविल सप्लाई दुकानों के भुगतान और बारकोड संबंधी समस्याओं के कारण गरीब मरीजों को महंगी दवाइयां निजी दुकानों से खरीदनी पड़ रही हैं और एमआरआई जैसी जांच के लिए भी निजी संस्थानों का रुख करना पड़ रहा है।
शिक्षा क्षेत्र में विश्वविद्यालयों की फीस वृद्धि को लेकर भी उन्होंने सरकार को घेरा। उन्होंने कहा कि हिमाचल प्रदेश विश्वविद्यालय समेत अन्य विश्वविद्यालयों में बढ़ी फीस से गरीब और ग्रामीण छात्रों पर आर्थिक बोझ बढ़ा है। फीस वृद्धि के विरोध में छात्रों को प्रदर्शन और भूख हड़ताल का रास्ता अपनाना पड़ रहा है।
नेता प्रतिपक्ष ने सेब बागवानों की समस्याओं को भी प्रमुखता से उठाया। उन्होंने आरोप लगाया कि कांग्रेस सत्ता में आने से पहले बागवानों को सेब का दाम खुद तय करने की गारंटी देती थी, लेकिन अब सेब बेचने वाले बागवानों को नोटिस दिए जा रहे हैं। उन्होंने कहा कि एमआईएस के तहत 100 से अधिक बोरियां बेचने वाले बागवानों को एसडीएम, तहसीलदार और नायब तहसीलदार कार्यालयों में दस्तावेजों के साथ बुलाया जा रहा है। वहीं, वर्ष 2024-25 और 2025-26 का करीब 80 करोड़ रुपये का भुगतान लंबित है।
जयराम ठाकुर ने कहा कि सरकार ने गनी बैग की खरीद पर 30 बैग की सीमा लगाकर भी बागवानों की मुश्किलें बढ़ाई हैं। उन्होंने चेतावनी दी कि फैसले वापस नहीं लिए गए तो भाजपा प्रदेशभर में आंदोलन करेगी और इन मुद्दों को विधानसभा में भी उठाएगी।
